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05 जून की रात लगेगा उपच्छाया चंद्रग्रहण

उपच्छाया चंद्रग्रहण
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खगोलीय विभाग ने आगामी 05 जून की रात को उपच्छाया चंद्रग्रहण लगने की जानकारी देते हुए बताया कि 05 जून की रात को करीब 03 घंटे तक चंद्रमा पृथ्वी की उपच्छाया में रहेगा। जो की रात 11:23 मिनट से देर रात 2:34 बजे तक रहेगा।

सांकेतिक चित्र (उपच्छाया चंद्रमा)

ऐसे में चांद पर धुंधली सी परत नज़र आयेगी। चूंकि, शुक्रवार 05 जून को पूर्णमासी है, इसीलिए  चांद के आकार पर कोई असर नहीं पड़ेगा। बल्कि,चांद अपनी अद्भूत खूबसूरती से सबको अपनी ओर आकर्षित करेगा। वैसे आपको बता दें कि उपच्छाया चंद्रग्रहण को (पैनुब्रल एक्लिप्स) कहा जाता है। शुक्रवार की रात को लगने वाला ग्रहण 12:54 मिनट पर अपने शिखर पर होगा।

कब और क्यों होता है चंद्रग्रहण?

आमतौर पर चंद्रमा 27 दिन के अंदर पृथ्वी की एक परिक्रमा को पूरा करता है। परिक्रमा के दौरान जब चंद्रमा धरती और सूर्य के बीच में आ जाता है, तब चंद्रग्रहण होता है। असल में, चंद्रमा का खुद का कोई प्रकाश नहीं होता है और सूर्य के परावर्तित प्रकाश के कारण ही हमें चांद इतना खूबसूरत व चमकदार नज़र आता है।
दरअसल, जिस वक्त पृथ्वी सूर्य और चांद के बीच आ जाती है तो सूर्य के परावर्तित प्रकाश को चांद तक नहीं पहुंचने देती। बस, इसी खगोलीय घटना को चंद्रग्रहण के नाम से जाना जाता है।

कितने प्रकार के होते हैं चंद्रग्रहण ?

पूर्ण चंद्रग्रहण, आंशिक चंद्रग्रहण और उपच्छाया चंद्रग्रहण

चंद्रग्रहण तीन तरह के होते हैं: पूर्ण चंद्रग्रहण, आंशिक चंद्रग्रहण और उपच्छाया चंद्रग्रहण। पूर्ण चंद्रग्रहण के दौरान पृथ्वी की छाया पूरी तरह से चंद्रमा को ढ़क लेती है और ये सरलता से नंगी आंखों से देखा जा सकता है।
जबकि, आंशिक चंद्रग्रहण के चलते पृथ्वी की छाया आंशिक रूप से चांद को ढक लेती है। इसे नंगी आंखों से नहीं देखा जा सकता, इसे देखने के लिए लोग दूरबीन का सहारा लेते है। और तीसरा उपच्छाया चंद्रग्रहण के दौरान पृथ्वी की छाया की हल्की उपच्छाया चंद्रमा पर पड़ती है। हाल तो इसका असर बेहद ही कम होता है जिसके कारण चांद कुछ धुंधला नज़र आता है। इस ग्रहण के दौरान सूतक काल भी मान्य नहीं होता है।
इसीलिए घबराने की कोई बात नहीं है आपके शुभ कार्यों में कोई भी बाधा नहीं आयेगी।

Written by: Vanshika Saini
YUVA BHARAT SAMACHAR

 

MahaLaxmi group of institution
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